नई दिल्ली: अगस्त महीने की शुरुआत के साथ ही एलपीजी (LPG) उपभोक्ताओं के लिए राहत भरी खबर आई है। ऑयल मार्केटिंग कंपनियों ने 19 किलोग्राम वाले कमर्शियल एलपीजी गैस सिलेंडर की कीमतों में 200 रुपये से अधिक की कटौती कर दी है। इस फैसले से होटल, रेस्तरां और अन्य व्यावसायिक उपभोक्ताओं को सीधा लाभ मिलेगा। हालांकि, घरेलू रसोई गैस सिलेंडर (14.2 किलोग्राम) की कीमतों में फिलहाल कोई बदलाव नहीं किया गया है।
कमर्शियल LPG सिलेंडर कितना हुआ सस्ता?
ताजा संशोधित कीमतों के अनुसार, कोलकाता में 19 किलोग्राम वाले कमर्शियल एलपीजी सिलेंडर की कीमत में 209 रुपये की कमी की गई है। वहीं, दिल्ली में इसकी कीमत 202 रुपये घटाई गई है। नई दरें लागू होने के बाद कोलकाता में यह सिलेंडर 2,872.50 रुपये में उपलब्ध होगा। कीमतों में इस कटौती से छोटे-बड़े कारोबारियों को राहत मिलने की उम्मीद है।
क्या घरेलू LPG सिलेंडर भी होगा सस्ता?
घरेलू उपभोक्ताओं के लिए फिलहाल कोई राहत नहीं मिली है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, 14.2 किलोग्राम वाले घरेलू एलपीजी सिलेंडर की कीमतों में इस बार कोई बदलाव नहीं किया गया है। यानी आम उपभोक्ताओं को पहले की तरह ही मौजूदा कीमत पर गैस सिलेंडर खरीदना होगा।
आखिरी बार कब बदली थीं LPG की कीमतें?
इससे पहले 1 जुलाई को ऑयल मार्केटिंग कंपनियों ने 19 किलोग्राम वाले कमर्शियल एलपीजी सिलेंडर की कीमत में 183.50 रुपये की कटौती की थी। उस समय दिल्ली में इसकी कीमत घटकर 2,930 रुपये हो गई थी। वहीं, कोलकाता में सिलेंडर का दाम 3,255.50 रुपये से घटकर 3,081.50 रुपये हो गया था। पटना में भी इसकी कीमत घटकर 3,227 रुपये पहुंच गई थी। वर्ष 2026 में यह कमर्शियल गैस सिलेंडर की पहली बड़ी कटौती मानी गई थी।
उज्ज्वला योजना लाभार्थियों के लिए जरूरी जानकारी
प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के लाभार्थियों के लिए भी एक अहम अपडेट सामने आया है। यदि किसी लाभार्थी ने 1 अप्रैल से 31 जुलाई के बीच चार एलपीजी सिलेंडर भरवा लिए हैं, तो अगस्त महीने में उन्हें अतिरिक्त सब्सिडी का लाभ नहीं मिलेगा। सरकार चालू वित्त वर्ष में उज्ज्वला योजना के तहत केवल चार सिलेंडरों पर ही 300 रुपये प्रति सिलेंडर की सब्सिडी दे रही है। इससे पहले यह सुविधा नौ सिलेंडरों तक थी, जिसे बाद में घटाकर छह और अब चार सिलेंडर कर दिया गया है।
क्या है इसका असर?
कमर्शियल एलपीजी सिलेंडर की कीमतों में आई इस कटौती से होटल, ढाबा, कैटरिंग और अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठानों की लागत में कमी आ सकती है। वहीं, घरेलू उपभोक्ताओं को फिलहाल रसोई गैस की कीमतों में राहत के लिए अभी और इंतजार करना पड़ सकता है।