सोने और चांदी की कीमतों में 31 जुलाई को गिरावट दर्ज की गई। इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन (IBJA) के ताजा आंकड़ों के अनुसार, चांदी की कीमत में 370 रुपए प्रति किलोग्राम की कमी आई है। इसके साथ ही 24 कैरेट सोना भी 10 ग्राम पर 524 रुपए सस्ता हुआ है। पिछले कुछ दिनों से दोनों कीमती धातुओं में लगातार उतार-चढ़ाव देखने को मिल रहा है, जिससे निवेशकों और खरीदारों की नजर बाजार पर बनी हुई है।
आज का सोना और चांदी का भाव
IBJA के मुताबिक, 31 जुलाई को:
- 24 कैरेट सोना (10 ग्राम): 524 रुपए गिरकर 1,42,860 रुपए पर पहुंच गया। एक दिन पहले इसका भाव 1,43,384 रुपए था।
- चांदी (1 किलोग्राम): 370 रुपए घटकर 2,18,295 रुपए रह गई, जबकि 30 जुलाई को इसकी कीमत 2,18,665 रुपए थी।
अगर पूरे सप्ताह की बात करें तो सोना करीब 921 रुपए और चांदी 4,426 रुपए तक सस्ती हुई है। 25 जुलाई को सोना लगभग 1.44 लाख रुपए प्रति 10 ग्राम और चांदी 2.23 लाख रुपए प्रति किलो के आसपास कारोबार कर रही थी।
अलग-अलग शहरों में सोने की कीमत अलग क्यों होती है?
देश के हर शहर में सोने का भाव समान नहीं होता। इसके पीछे कई प्रमुख कारण हैं।
1. ट्रांसपोर्ट और सुरक्षा लागत
सोने को एक स्थान से दूसरे स्थान तक पहुंचाने में परिवहन और सुरक्षा पर खर्च आता है। दूरी बढ़ने के साथ यह लागत भी बढ़ती है, जिसका असर कीमतों पर पड़ता है।
2. स्थानीय मांग
कुछ राज्यों, खासकर दक्षिण भारत में सोने की मांग अधिक रहती है। अधिक खपत के कारण बाजार की कीमतों में अंतर देखने को मिलता है।
3. ज्वेलरी एसोसिएशन की भूमिका
हर राज्य या शहर के स्थानीय ज्वेलरी संगठन मांग और आपूर्ति को देखते हुए दैनिक रेट तय करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
4. पुराने स्टॉक की लागत
ज्वेलर्स ने जिस कीमत पर पहले सोना खरीदा होता है, उसी के आधार पर बिक्री मूल्य भी अलग-अलग हो सकता है।
रिकॉर्ड हाई से काफी नीचे आ चुके हैं सोना और चांदी
इस साल दोनों कीमती धातुओं में बड़ी तेजी और फिर गिरावट देखने को मिली।
- 31 दिसंबर 2025 को सोने की कीमत करीब 1.33 लाख रुपए प्रति 10 ग्राम थी।
- इसके बाद 29 जनवरी को यह बढ़कर 1.76 लाख रुपए के रिकॉर्ड स्तर तक पहुंच गई।
- फिलहाल यह अपने उच्चतम स्तर से करीब 33,261 रुपए नीचे कारोबार कर रही है।
चांदी की बात करें तो:
- साल के अंत में इसकी कीमत करीब 2.30 लाख रुपए प्रति किलो थी।
- 29 जनवरी को यह बढ़कर 3.86 लाख रुपए प्रति किलो के ऑल टाइम हाई पर पहुंच गई।
- इसके बाद अब तक चांदी लगभग 1.68 लाख रुपए प्रति किलो सस्ती हो चुकी है।
क्या अभी निवेश करना सही रहेगा?
कमोडिटी बाजार के जानकार अजय केडिया का मानना है कि सोना और चांदी अपने उच्चतम स्तर से काफी नीचे आ चुके हैं। ऐसे में लंबी अवधि के निवेशकों के लिए यह अवसर हो सकता है। हालांकि, उनका सुझाव है कि एक साथ बड़ी रकम लगाने के बजाय चरणबद्ध तरीके से निवेश करना बेहतर रहेगा।
उनके अनुमान के अनुसार, साल के अंत तक:
- सोना करीब 1.60 लाख रुपए प्रति 10 ग्राम
- चांदी लगभग 2.80 लाख रुपए प्रति किलो
तक पहुंच सकती है।
गोल्ड और सिल्वर ETF में निवेश कैसे करें?
अगर आप बिना फिजिकल सोना या चांदी खरीदे निवेश करना चाहते हैं, तो Gold ETF और Silver ETF बेहतर विकल्प हो सकते हैं।
ETF की कीमतें बाजार में सोने और चांदी के भाव के अनुसार बदलती रहती हैं। इनकी खरीद-बिक्री NSE और BSE पर शेयरों की तरह होती है। इसमें आपको वास्तविक धातु नहीं मिलती, बल्कि निवेश की वैल्यू बाजार भाव के अनुसार बढ़ती या घटती है।
ETF में निवेश की प्रक्रिया
- सबसे पहले किसी ब्रोकर के माध्यम से डीमैट अकाउंट खोलें।
- ट्रेडिंग प्लेटफॉर्म से अपनी पसंद का ETF खरीदें।
- भुगतान आपके बैंक खाते से हो जाएगा।
- ऑर्डर पूरा होने के लगभग दो कार्यदिवस बाद यूनिट आपके डीमैट अकाउंट में दिखाई देने लगती हैं।
- जरूरत पड़ने पर इन्हें शेयरों की तरह बेचकर पैसा प्राप्त किया जा सकता है।
कम राशि से निवेश शुरू करना चाहने वालों के लिए यह अच्छा विकल्प माना जाता है।
सोना खरीदते समय किन बातों का रखें ध्यान?
1. BIS हॉलमार्क जरूर देखें
हमेशा BIS हॉलमार्क वाला प्रमाणित सोना ही खरीदें। हॉलमार्क से सोने की शुद्धता और कैरेट की जानकारी मिलती है।
2. खरीदने से पहले कीमत की पुष्टि करें
सोना खरीदने से पहले उस दिन का ताजा बाजार भाव जरूर जांच लें। 24 कैरेट, 22 कैरेट और 18 कैरेट सोने के रेट अलग-अलग होते हैं, इसलिए सही जानकारी लेना जरूरी है।
असली चांदी पहचानने के आसान तरीके
अगर आप चांदी खरीद रहे हैं, तो उसकी शुद्धता की जांच इन आसान तरीकों से कर सकते हैं।
- मैग्नेट टेस्ट: असली चांदी चुंबक से नहीं चिपकती।
- आइस टेस्ट: असली चांदी पर रखी बर्फ तेजी से पिघलती है।
- स्मेल टेस्ट: शुद्ध चांदी में किसी तरह की धातु जैसी गंध नहीं होती।
- कपड़ा टेस्ट: सफेद कपड़े से रगड़ने पर हल्का काला निशान आना शुद्ध चांदी का संकेत माना जाता है।
भारतीय परिवारों के पास दुनिया के सबसे बड़े गोल्ड रिजर्व में से एक
एक हालिया रिपोर्ट के अनुसार, भारतीय परिवारों के पास मौजूद सोने का कुल मूल्य करीब 450 लाख करोड़ रुपए पहुंच चुका है, जो देश की करीब 370 लाख करोड़ रुपए की GDP से भी अधिक है।
रिपोर्ट के मुताबिक, भारतीय घरों में लगभग 34,600 टन सोना मौजूद है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने की ऊंची कीमतों के कारण इसकी कुल वैल्यू में बड़ा इजाफा हुआ है।
यह आंकड़ा दर्शाता है कि भारत में सोना सिर्फ आभूषण नहीं, बल्कि लंबे समय से एक महत्वपूर्ण निवेश और संपत्ति का माध्यम भी माना जाता है।