अमेरिका-ईरान के बीच नए सिरे से बढ़े तनाव ने वैश्विक बाजारों की चिंता बढ़ा दी है। जियो-पॉलिटिकल टेंशन के बीच निवेशकों का रुझान सुरक्षित निवेश माने जाने वाले सोने की ओर बढ़ा है। इसका असर सोने और चांदी की कीमतों पर भी दिखाई दे रहा है।
MCX पर जोरदार तेजी: अगस्त में अब तक MCX पर सोने की कीमत करीब ₹12,000 प्रति 10 ग्राम बढ़ चुकी है। इसी अवधि में चांदी करीब ₹22,000 प्रति किलो महंगी हुई है।
13 अगस्त से पहले 12 अगस्त का भाव: बुधवार को MCX पर सोना करीब ₹1,200 की तेजी के साथ ₹1,54,964 प्रति 10 ग्राम पहुंच गया। वहीं चांदी ₹3,692 बढ़कर ₹2,39,351 प्रति किलो हो गई।
क्यों बढ़ रहे हैं सोने-चांदी के दाम?
इस तेजी के पीछे कई कारण बताए जा रहे हैं। सबसे बड़ा कारण अमेरिका-ईरान के बीच बढ़ता जियो-पॉलिटिकल तनाव है। इसके अलावा अमेरिकी फेडरल रिजर्व द्वारा ब्याज दरों को स्थिर रखने और डॉलर में कमजोरी से भी सोने-चांदी को सपोर्ट मिला है।
जब वैश्विक स्तर पर अनिश्चितता बढ़ती है, तो निवेशक अक्सर सोने जैसे सुरक्षित एसेट की तरफ रुख करते हैं। इससे इसकी मांग और कीमत दोनों पर असर पड़ सकता है।
आगे कहां तक जा सकता है सोना?
रिपोर्ट में Axis Direct के पुराने 2026 लक्ष्य का जिक्र है, जिसमें MCX गोल्ड के लिए ₹1.40 लाख–₹1.45 लाख प्रति 10 ग्राम का लक्ष्य दिया गया था। लेकिन सोना उस स्तर से काफी ऊपर निकल चुका है। तकनीकी तौर पर मजबूत तेजी जारी रहने पर ₹1.60 लाख प्रति 10 ग्राम से ऊपर जाने की संभावना बताई गई है।
चांदी का क्या है अनुमान?
चांदी को लेकर Motilal Oswal ने 2026 के अंत तक ₹3.20 लाख प्रति किलो का लक्ष्य बताया है। अंतरराष्ट्रीय बाजार के संदर्भ में रिपोर्ट में सोने के $4,509 प्रति औंस और चांदी के $72 प्रति औंस के स्तर की संभावनाओं का भी उल्लेख किया गया है। ये अनुमान हैं, निश्चित कीमत नहीं।
ध्यान दें: सोने-चांदी की कीमतें लगातार बदलती रहती हैं और निवेश में जोखिम होता है। Aaj Tak की रिपोर्ट भी निवेश से पहले वित्तीय सलाहकार से सलाह लेने की बात कहती है।