भीषण गर्मी में डायबिटीज मरीजों के लिए अलर्ट: पानी की कमी से बढ़ सकता है खतरा, डॉक्टरों ने दी अहम सलाह

Saroj kanwar
3 Min Read

जोधपुर के मथुरा दास माथुर अस्पताल में कार्यरत मधुमेह विशेषज्ञ डॉक्टर रौनक गांधी ने डायबिटीज मरीजों को गर्मी के मौसम में विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी है। उन्होंने बताया कि जब शरीर में ब्लड शुगर का स्तर बढ़ जाता है, तो ग्लूकोज के साथ-साथ शरीर से बड़ी मात्रा में पानी भी पेशाब के जरिए बाहर निकलने लगता है। इससे धीरे-धीरे शरीर में पानी की कमी (डिहाइड्रेशन) होने लगती है, और तेज गर्मी इस स्थिति को और गंभीर बना देती है।

प्यास लगने का इंतजार करना पड़ सकता है भारी

डॉक्टरों के अनुसार, डायबिटीज मरीजों को केवल प्यास लगने के भरोसे पानी नहीं पीना चाहिए। कई बार शरीर में डिहाइड्रेशन शुरू हो जाता है, लेकिन मरीज इसे सामान्य थकान या कमजोरी समझकर नजरअंदाज कर देते हैं। यही लापरवाही आगे चलकर हीट स्ट्रोक जैसी गंभीर स्थिति का कारण बन सकती है।

कुछ दवाइयां भी बढ़ा सकती हैं खतरा

विशेषज्ञों ने बताया कि डायबिटीज में इस्तेमाल होने वाली कुछ आधुनिक दवाइयां, जिन्हें SGLT-2 इनहिबिटर्स कहा जाता है, शरीर में यूरिन की मात्रा बढ़ा देती हैं।
डापाग्लिफ्लोजिन और एम्पाग्लिफ्लोजिन जैसी दवाइयां शुगर कंट्रोल के साथ-साथ दिल और किडनी के लिए फायदेमंद मानी जाती हैं, लेकिन गर्मियों में ये शरीर से पानी तेजी से बाहर निकालकर डिहाइड्रेशन का खतरा बढ़ा सकती हैं।

गर्मी में लापरवाही बन सकती है बड़ा खतरा

डॉक्टरों ने सलाह दी है कि गर्मियों में डायबिटीज मरीजों को तेज धूप से बचना चाहिए, हल्का और संतुलित भोजन लेना चाहिए और समय-समय पर पर्याप्त मात्रा में पानी पीते रहना चाहिए। साथ ही नियमित रूप से ब्लड शुगर की जांच भी जरूरी है।

हीट स्ट्रोक से बचाव के जरूरी उपाय

विशेषज्ञों के अनुसार शरीर को हाइड्रेट रखना सबसे महत्वपूर्ण है। यदि किसी व्यक्ति को कमजोरी, चक्कर आना, अत्यधिक प्यास, सूखा मुंह या लगातार थकान जैसे लक्षण दिखाई दें, तो इसे हल्के में नहीं लेना चाहिए। ये सभी संकेत डिहाइड्रेशन के हो सकते हैं।

समय पर पानी पीना, धूप से बचाव और शरीर को ठंडा रखना ही इस भीषण गर्मी में हीट स्ट्रोक और अन्य जटिलताओं से बचाव का सबसे प्रभावी तरीका है।

TAGGED:
Share This Article
Leave a comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *