सीकर: खाटूश्यामजी के दर्शन के लिए आने वाले लाखों श्रद्धालुओं के लिए बड़ी खुशखबरी सामने आई है। केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने खाटूधाम पहुंचने वाले भक्तों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए एक महत्वपूर्ण रेलवे परियोजना की घोषणा की है। इस योजना के तहत सुंदरपुरा में एक नया आधुनिक रेलवे स्टेशन बनाया जाएगा, जिससे देशभर से आने वाले श्रद्धालुओं का सफर पहले की तुलना में कहीं अधिक सुविधाजनक हो जाएगा।
सुंदरपुरा स्टेशन से मिलेगी बड़ी राहत
वर्तमान में खाटूश्यामजी आने वाले अधिकांश रेल यात्रियों को रींगस रेलवे स्टेशन पर उतरना पड़ता है। वहां से मंदिर तक पहुंचने के लिए करीब 17 किलोमीटर का अतिरिक्त सफर तय करना पड़ता है। इस दौरान यात्रियों को ऑटो, टैक्सी और बस जैसी सुविधाओं के लिए काफी इंतजार भी करना पड़ता है।
नई योजना के तहत बनने वाला सुंदरपुरा रेलवे स्टेशन इस परेशानी को काफी हद तक कम कर देगा।
योजना की प्रमुख बातें
- सुंदरपुरा स्टेशन से खाटूश्यामजी मंदिर की दूरी लगभग 11 किलोमीटर होगी।
- स्टेशन का निर्माण हाईवे के नजदीक किया जाएगा, जिससे यात्रियों को मंदिर तक पहुंचने के लिए बेहतर और तेज परिवहन सुविधा मिल सकेगी।
- रेल मंत्री के अनुसार स्टेशन के लिए जमीन का चयन किया जा चुका है।
- अगले 12 महीनों के भीतर स्टेशन का निर्माण कार्य पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।
देशभर के श्रद्धालुओं को होगा फायदा
नए रेलवे स्टेशन के बनने के बाद राजस्थान ही नहीं, बल्कि दिल्ली, उत्तर प्रदेश, बिहार, मध्य प्रदेश और गुजरात सहित कई राज्यों से आने वाले श्रद्धालुओं को सीधा लाभ मिलेगा। भविष्य में खाटूश्यामजी के लिए विशेष ट्रेन सेवाएं भी सुंदरपुरा स्टेशन तक संचालित की जा सकती हैं, जिससे यात्रा का समय कम होगा और आवागमन अधिक आसान बनेगा।
धार्मिक पर्यटन को मिलेगा बढ़ावा
रेलवे की यह पहल केवल यात्रियों की सुविधा तक सीमित नहीं है, बल्कि इससे राजस्थान के धार्मिक पर्यटन को भी नई गति मिलने की उम्मीद है। बेहतर रेल कनेक्टिविटी के कारण खाटूश्यामजी आने वाले श्रद्धालुओं की संख्या में और बढ़ोतरी हो सकती है।
रेलवे की अन्य बड़ी सौगातें
रेल मंत्री ने हाल ही में जयपुर के खातीपुरा क्षेत्र में करीब 205 करोड़ रुपये की लागत से विकसित देश के पहले एआई आधारित मेगा कोचिंग टर्मिनल का भी शुभारंभ किया है। इसके अलावा राजस्थान को उत्तर प्रदेश और बिहार से बेहतर जोड़ने के लिए जयपुर-दरभंगा अमृत भारत एक्सप्रेस को भी हरी झंडी दिखाई गई है।
रेलवे की ये नई परियोजनाएं न केवल यात्रियों को आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध कराएंगी, बल्कि राज्य में पर्यटन और आर्थिक गतिविधियों को भी मजबूती प्रदान करेंगी।