अगर आप सोना या चांदी खरीदने की योजना बना रहे हैं या इनमें निवेश करने का सोच रहे हैं, तो पहले पिछले सप्ताह के दामों में आए बदलाव को समझ लेना जरूरी है। बीते सप्ताह सर्राफा बाजार में सोने और चांदी दोनों की कीमतों में उतार-चढ़ाव देखने को मिला, जिसका असर खरीदारों और निवेशकों पर साफ दिखाई दिया।
पिछले सप्ताह कैसा रहा गोल्ड और सिल्वर का प्रदर्शन?
बीते सप्ताह सोने की कीमतों में कई बार बदलाव दर्ज किया गया। अंतरराष्ट्रीय बाजार के संकेत, डॉलर की चाल और घरेलू मांग का असर भारतीय बाजार पर भी देखने को मिला। इसी वजह से 24 कैरेट, 22 कैरेट और 18 कैरेट सोने के भाव अलग-अलग स्तर पर पहुंचे।
वहीं चांदी की कीमतों में भी हलचल बनी रही। औद्योगिक मांग और वैश्विक बाजार के रुख के कारण सिल्वर के रेट में भी बदलाव दर्ज किया गया। यदि आप बड़े निवेश या आभूषण खरीदने की तैयारी कर रहे हैं, तो मौजूदा कीमतों पर नजर रखना आपके लिए फायदेमंद हो सकता है।
अलग-अलग कैरेट के सोने का क्या होता है मतलब?
- 24 कैरेट सोना सबसे शुद्ध माना जाता है और इसमें लगभग 99.9% शुद्धता होती है।
- 22 कैरेट सोना आमतौर पर आभूषण बनाने में इस्तेमाल किया जाता है, क्योंकि इसमें अन्य धातुओं की थोड़ी मात्रा मिलाई जाती है जिससे मजबूती बढ़ती है।
- 18 कैरेट सोना फैशन ज्वेलरी और डायमंड ज्वेलरी में अधिक उपयोग किया जाता है।
निवेश करने से पहले किन बातों का रखें ध्यान?
सोने और चांदी की कीमतें रोज बदलती रहती हैं। ऐसे में निवेश या खरीदारी करने से पहले अपने शहर के ताजा रेट जरूर जांच लें। साथ ही, ज्वेलरी खरीदते समय मेकिंग चार्ज, जीएसटी और हॉलमार्किंग जैसी बातों का भी ध्यान रखें, क्योंकि इनसे कुल कीमत पर असर पड़ता है।
यदि निवेश का उद्देश्य लंबी अवधि का है, तो बाजार के उतार-चढ़ाव को देखते हुए चरणबद्ध निवेश (Systematic Buying) करना बेहतर रणनीति हो सकती है।
खरीदारी से पहले करें कीमतों की तुलना
विशेषज्ञों का मानना है कि सोना और चांदी सुरक्षित निवेश विकल्प माने जाते हैं, लेकिन सही समय पर खरीदारी करना भी उतना ही जरूरी है। इसलिए किसी भी फैसले से पहले अलग-अलग शहरों के ताजा भाव, बाजार की स्थिति और भविष्य के ट्रेंड पर नजर बनाए रखें। इससे आप बेहतर कीमत पर निवेश या खरीदारी कर सकते हैं।