नई दिल्ली। Gold Price Today: घरेलू सर्राफा बाजार में 24 जुलाई को सोने की कीमतों में गिरावट दर्ज की गई, जबकि चांदी के भाव में मामूली तेजी देखने को मिली। इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन (IBJA) के ताजा आंकड़ों के अनुसार, 24 कैरेट शुद्ध सोने की कीमत 10 ग्राम पर ₹824 घटकर ₹1,43,781 रह गई। इससे पहले यह ₹1,44,605 प्रति 10 ग्राम के स्तर पर कारोबार कर रहा था।
दूसरी ओर, चांदी की कीमत में हल्का सुधार देखने को मिला। एक किलोग्राम चांदी ₹241 महंगी होकर ₹2,22,721 पर पहुंच गई, जबकि पिछले कारोबारी दिन इसका भाव ₹2,22,480 प्रति किलो था।
सालभर में सोने-चांदी में रहा जबरदस्त उतार-चढ़ाव
वर्ष 2026 में सोने और चांदी की कीमतों में लगातार बड़े उतार-चढ़ाव देखने को मिले हैं। साल की शुरुआत में 31 दिसंबर 2025 को 10 ग्राम सोना ₹1.33 लाख के आसपास था। इसके बाद कीमतों में तेजी आई और 29 जनवरी को यह ₹1.76 लाख प्रति 10 ग्राम के रिकॉर्ड स्तर तक पहुंच गया। हालांकि, इसके बाद बाजार में आई गिरावट के चलते अब तक सोना अपने उच्चतम स्तर से ₹32,340 तक सस्ता हो चुका है।
चांदी अपने रिकॉर्ड हाई से ₹1.63 लाख नीचे
चांदी ने भी इस साल निवेशकों को बड़े उतार-चढ़ाव दिखाए। 31 दिसंबर 2025 को एक किलो चांदी ₹2.30 लाख थी, जो 29 जनवरी को बढ़कर ₹3.86 लाख प्रति किलो के ऑल टाइम हाई पर पहुंच गई थी। मौजूदा समय में इसकी कीमत उस रिकॉर्ड स्तर से करीब ₹1.63 लाख कम हो चुकी है।
क्या अभी सोने-चांदी में निवेश करना सही रहेगा?
कमोडिटी बाजार के जानकार अजय केडिया का मानना है कि सोना और चांदी दोनों अपने रिकॉर्ड हाई से काफी नीचे ट्रेड कर रहे हैं। ऐसे में लंबी अवधि के निवेशकों के लिए यह अवसर हो सकता है। हालांकि, उनका सुझाव है कि निवेशकों को एकमुश्त बड़ी रकम लगाने के बजाय चरणबद्ध (SIP या किस्तों में) निवेश की रणनीति अपनानी चाहिए।
साल के अंत तक क्या रह सकता है गोल्ड और सिल्वर का भाव?
अजय केडिया के अनुमान के मुताबिक, यदि वैश्विक आर्थिक परिस्थितियां अनुकूल रहीं तो वर्ष के अंत तक सोना दोबारा ₹1.60 लाख प्रति 10 ग्राम तक पहुंच सकता है। वहीं, चांदी की कीमत ₹2.80 लाख प्रति किलोग्राम तक जाने की संभावना जताई गई है।
निष्कर्ष
फिलहाल सोने की कीमतों में गिरावट और चांदी में हल्की तेजी देखने को मिली है। रिकॉर्ड स्तर से नीचे चल रही कीमतों के बीच निवेशकों के लिए बाजार पर नजर बनाए रखना जरूरी है। विशेषज्ञों का मानना है कि लंबी अवधि के नजरिए से सोना और चांदी अभी भी आकर्षक निवेश विकल्प बने हुए हैं, लेकिन निवेश हमेशा सोच-समझकर और चरणबद्ध तरीके से करना बेहतर रहेगा।