UPI Payments: भारत में डिजिटल पेमेंट की बात हो तो Unified Payments Interface (UPI) सबसे ज्यादा इस्तेमाल किए जाने वाले विकल्पों में शामिल है। चाय की दुकान से लेकर बड़े स्टोर तक, लोग कुछ ही सेकंड में मोबाइल से भुगतान कर देते हैं। हालांकि, UPI ट्रांजैक्शन पर भविष्य में किसी तरह का शुल्क लगने की चर्चा समय-समय पर होती रहती है।
इसी मुद्दे पर Payments Council of India (PCI) ने UPI चार्ज को लेकर स्थिति स्पष्ट की है। काउंसिल के अनुसार, UPI की शुरुआत से ही आम उपभोक्ताओं के लिए डिजिटल भुगतान निःशुल्क रहा है। छोटे व्यापारियों से भी UPI पेमेंट स्वीकार करने के लिए फिलहाल कोई Merchant Discount Rate (MDR) नहीं लिया जाता।
आइए समझते हैं UPI चार्ज से जुड़े 6 अहम सवालों के जवाब।
1. क्या UPI से पेमेंट करने पर ग्राहकों को कोई शुल्क देना होगा?
PCI के मुताबिक, साल 2016 में लॉन्च होने के बाद से UPI उपभोक्ताओं के लिए फ्री रहा है। यानी भारतीय यूजर्स बिना किसी अतिरिक्त ट्रांजैक्शन फीस के UPI के जरिए तुरंत डिजिटल भुगतान कर सकते हैं।
2. क्या छोटे दुकानदारों को UPI पेमेंट स्वीकार करने पर चार्ज देना पड़ता है?
फिलहाल छोटे व्यापारियों, जिनमें किराना दुकानदार भी शामिल हैं, को UPI भुगतान स्वीकार करने पर MDR नहीं देना पड़ता। PCI का कहना है कि छोटे कारोबारियों को अतिरिक्त लागत से बचाना डिजिटल पेमेंट सिस्टम को व्यापक बनाने के लिए महत्वपूर्ण है।
3. आखिर UPI चार्ज को लेकर चर्चा क्यों हो रही है?
UPI ने पिछले कुछ वर्षों में बेहद तेज रफ्तार से विस्तार किया है और आज यह दुनिया के प्रमुख रियल-टाइम पेमेंट सिस्टम में शामिल है। ट्रांजैक्शन की संख्या बढ़ने के साथ इसके टेक्नोलॉजी इंफ्रास्ट्रक्चर, साइबर सिक्योरिटी, फ्रॉड रोकने और ग्राहक सहायता पर होने वाले खर्च को लंबे समय तक कैसे पूरा किया जाए, यह एक महत्वपूर्ण सवाल बन गया है।
साथ ही, कोशिश यह है कि डिजिटल पेमेंट की सुविधा जारी रहे और इसका अतिरिक्त आर्थिक बोझ आम ग्राहकों तथा छोटे व्यापारियों पर न पड़े।
4. UPI के इंफ्रास्ट्रक्चर में लगातार निवेश कौन कर रहा है?
PCI के अनुसार, पिछले लगभग 10 वर्षों से UPI के विकास और संचालन में कई संस्थाएं मिलकर निवेश कर रही हैं। इनमें बैंक, पेमेंट कंपनियां, फिनटेक कंपनियां, NPCI और भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) शामिल हैं।
इन संस्थाओं की ओर से UPI के टेक्नोलॉजी सिस्टम, साइबर सुरक्षा, फ्रॉड प्रिवेंशन, नए फीचर्स और कस्टमर सपोर्ट जैसे क्षेत्रों में लगातार निवेश किया जाता है।
5. क्या UPI पूरी तरह फ्री है?
वर्तमान में आम उपभोक्ताओं से UPI पेमेंट करने पर कोई ट्रांजैक्शन चार्ज नहीं लिया जाता। हालांकि, UPI को संचालित करने के पीछे कई तरह की लागत होती है। टेक्नोलॉजी इंफ्रास्ट्रक्चर, साइबर सिक्योरिटी, धोखाधड़ी से बचाव, रेगुलेटरी कंप्लायंस और कस्टमर सपोर्ट जैसी सेवाओं पर खर्च होता है।
PCI के अनुसार, इन खर्चों को फिलहाल पेमेंट इकोसिस्टम में शामिल बैंक और अन्य पेमेंट सर्विस प्रोवाइडर्स वहन करते हैं।
6. अगर बड़े व्यापारियों पर चार्ज लगा तो क्या ग्राहकों से भी पैसा लिया जाएगा?
PCI ने स्पष्ट किया है कि जहां Merchant Service Charges लागू होते हैं, वहां यह भुगतान व्यापारियों और पेमेंट सर्विस प्रोवाइडर्स के बीच की व्यावसायिक व्यवस्था का हिस्सा होता है।
इसका सीधा मतलब यह नहीं है कि ग्राहक को UPI के जरिए पेमेंट करने के लिए अलग से शुल्क देना पड़ेगा। यानी किसी व्यापारी पर लागू होने वाला सर्विस चार्ज अपने आप ग्राहक के लिए UPI ट्रांजैक्शन फीस में तब्दील नहीं होता।
UPI चार्ज पर क्या है मौजूदा स्थिति?
फिलहाल आम यूजर्स के लिए UPI से भुगतान करना निःशुल्क है और छोटे व्यापारियों से भी UPI पेमेंट स्वीकार करने के लिए MDR नहीं लिया जाता। हालांकि, UPI के बढ़ते इस्तेमाल के साथ इसके विशाल डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर को बनाए रखने की लागत और उसके लिए फंडिंग का मुद्दा चर्चा में बना हुआ है।
इसलिए UPI चार्ज को लेकर भविष्य में कोई बदलाव होता है या नहीं, यह संबंधित नीतिगत और व्यावसायिक फैसलों पर निर्भर करेगा।