अगर आप सोना या चांदी खरीदने की योजना बना रहे हैं, तो आपके लिए राहत की खबर है। 24 जुलाई को घरेलू सर्राफा बाजार में दोनों की कीमतों में गिरावट दर्ज की गई है। इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन (IBJA) के ताजा आंकड़ों के अनुसार, सोना और चांदी दोनों अपने पिछले दिन के मुकाबले सस्ते हुए हैं।
आज कितना सस्ता हुआ सोना और चांदी?
IBJA के मुताबिक, 24 कैरेट सोने के 10 ग्राम की कीमत 1,848 रुपए घटकर 1.42 लाख रुपए रह गई है। वहीं एक किलो चांदी 2,924 रुपए की गिरावट के साथ 2.19 लाख रुपए पर पहुंच गई है।
इससे पहले यानी 23 जुलाई को 10 ग्राम सोना करीब 1.44 लाख रुपए और एक किलो चांदी 2.22 लाख रुपए के स्तर पर कारोबार कर रही थी।
रिकॉर्ड हाई से काफी नीचे पहुंचे भाव
साल 2026 की शुरुआत से ही सोने और चांदी की कीमतों में लगातार उतार-चढ़ाव देखने को मिला है।
- 31 दिसंबर 2025 को 10 ग्राम सोने की कीमत करीब 1.33 लाख रुपए थी।
- इसके बाद 29 जनवरी को सोना बढ़कर 1.76 लाख रुपए के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गया।
- अब मौजूदा कीमतों की तुलना करें तो सोना अपने ऑल टाइम हाई से करीब 34 हजार रुपए तक सस्ता हो चुका है।
चांदी की बात करें तो—
- 31 दिसंबर 2025 को एक किलो चांदी की कीमत 2.30 लाख रुपए थी।
- 29 जनवरी को यह बढ़कर 3.86 लाख रुपए के सर्वकालिक उच्च स्तर पर पहुंच गई।
- वर्तमान में चांदी की कीमत 2.19 लाख रुपए है, यानी रिकॉर्ड हाई से करीब 1.67 लाख रुपए की गिरावट आ चुकी है।
क्या अभी निवेश करना सही रहेगा?
कमोडिटी बाजार के जानकार अजय केडिया का मानना है कि सोना और चांदी दोनों अपने उच्चतम स्तर से काफी नीचे कारोबार कर रहे हैं। ऐसे में लंबी अवधि के निवेशकों के लिए यह अच्छा अवसर हो सकता है।
हालांकि, उनका सुझाव है कि एकमुश्त बड़ी रकम निवेश करने की बजाय चरणबद्ध (SIP या किस्तों में) निवेश करना बेहतर रहेगा, ताकि कीमतों में होने वाले उतार-चढ़ाव का जोखिम कम किया जा सके।
साल के अंत तक क्या रह सकता है अनुमान?
अजय केडिया के अनुसार, यदि बाजार का रुख अनुकूल रहता है तो साल के आखिर तक 10 ग्राम सोने की कीमत दोबारा 1.60 लाख रुपए तक पहुंच सकती है। वहीं एक किलो चांदी 2.80 लाख रुपए के स्तर को छू सकती है।
निष्कर्ष
फिलहाल सोना और चांदी दोनों अपने रिकॉर्ड स्तर से काफी नीचे उपलब्ध हैं। यदि आप निवेश या खरीदारी की योजना बना रहे हैं, तो बाजार की चाल पर नजर रखते हुए धीरे-धीरे निवेश करना समझदारी भरा कदम हो सकता है। हालांकि, किसी भी निवेश से पहले अपने वित्तीय लक्ष्य और जोखिम क्षमता का आकलन जरूर करें।