Sone Chandi Ka Bhav: लगातार कई दिनों तक नरमी के बाद आज, 27 जुलाई को सोने और चांदी की कीमतों में मजबूती देखने को मिली है। घरेलू वायदा बाजार (MCX) से लेकर अंतरराष्ट्रीय बाजार तक दोनों कीमती धातुओं में बढ़त दर्ज की गई। बाजार विशेषज्ञों का कहना है कि कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट, अमेरिकी डॉलर की कमजोरी और अमेरिकी फेडरल रिजर्व की आगामी बैठक से जुड़ी उम्मीदों ने सोने की कीमतों को समर्थन दिया है। अगर आप आज सोने के गहने खरीदने की योजना बना रहे हैं, तो पहले ताजा रेट जान लेना जरूरी है।
MCX पर सोना और चांदी दोनों में बढ़त
आज मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर सोने की कीमत ₹658 बढ़कर ₹1,43,764 प्रति 10 ग्राम पर पहुंच गई। वहीं, चांदी में भी जोरदार उछाल देखने को मिला और इसका भाव ₹2,300 बढ़कर ₹2,24,501 प्रति किलोग्राम दर्ज किया गया।
अंतरराष्ट्रीय बाजार में भी तेजी का माहौल रहा। स्पॉट गोल्ड करीब 0.52% बढ़कर 4,091 डॉलर प्रति औंस पर कारोबार करता दिखा, जबकि चांदी लगभग 1.31% की बढ़त के साथ 59.68 डॉलर प्रति औंस पर ट्रेड करती नजर आई।
आज 1 तोला सोने का हार कितने का पड़ेगा?
अगर आप 1 तोला (11.66 ग्राम) सोने का हार खरीदने का विचार कर रहे हैं, तो आज की कीमतें इस प्रकार हैं—
- 22 कैरेट सोना: ₹1,32,840 से ₹1,32,990 प्रति 10 ग्राम
- 1 तोला (11.66 ग्राम) की अनुमानित कीमत: ₹1,54,900 से ₹1,55,100
- 24 कैरेट सोना: ₹1,44,920 से ₹1,45,080 प्रति 10 ग्राम
- 1 तोला (11.66 ग्राम) की अनुमानित कीमत: ₹1,68,900 से ₹1,69,100
ध्यान रखें कि अलग-अलग शहरों और ज्वेलर्स के अनुसार कीमतों में थोड़ा अंतर हो सकता है। इसके अलावा ज्वेलरी खरीदते समय मेकिंग चार्ज, जीएसटी और अन्य शुल्क भी अंतिम बिल में जोड़े जाते हैं।
प्रमुख शहरों में चांदी का ताजा भाव
आज चांदी की खुदरा कीमतों में कोई बदलाव नहीं देखा गया। दिल्ली, मुंबई, चेन्नई, बेंगलुरु और हैदराबाद जैसे बड़े शहरों में चांदी ₹2,39,900 प्रति किलोग्राम के स्तर पर बनी हुई है।
आखिर क्यों बढ़े सोने और चांदी के दाम?
कमोडिटी बाजार के जानकारों के अनुसार, हाल के दिनों में कच्चे तेल की कीमतों में आई गिरावट और अमेरिकी डॉलर के कमजोर होने से सोने की मांग को बल मिला है। इसके अलावा अमेरिका और ईरान के बीच तनाव कम होने की उम्मीदों ने भी बाजार की धारणा को प्रभावित किया है।
विशेषज्ञों का मानना है कि तेल की कीमतें नरम रहने से महंगाई का दबाव कम हो सकता है, जिससे निवेशक सुरक्षित निवेश विकल्प के रूप में सोने की ओर रुख कर रहे हैं।
आगे क्या रह सकता है बाजार का रुख?
विश्लेषकों का कहना है कि पिछले सप्ताह बुलियन बाजार में काफी उतार-चढ़ाव देखने को मिला। वैश्विक भू-राजनीतिक घटनाक्रम, कच्चे तेल की चाल और अमेरिकी फेडरल रिजर्व की मौद्रिक नीति से जुड़े संकेत आने वाले दिनों में सोने और चांदी की दिशा तय कर सकते हैं।
यदि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर तनाव दोबारा बढ़ता है या ऊर्जा आपूर्ति से जुड़ी नई चिंताएं सामने आती हैं, तो सुरक्षित निवेश (Safe Haven) के रूप में सोने और चांदी की मांग में फिर से तेजी देखने को मिल सकती है।