नई दिल्ली। घरेलू सर्राफा बाजार में इस कारोबारी सप्ताह सोने और चांदी की कीमतों में अच्छी तेजी देखने को मिली। इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन (IBJA) के आंकड़ों के अनुसार, मजबूत मांग और अंतरराष्ट्रीय बाजार से मिले सकारात्मक संकेतों के बीच कीमती धातुओं के भाव में बड़ा उछाल आया। इस सप्ताह 24 कैरेट सोना ₹2,742 प्रति 10 ग्राम महंगा हुआ, जबकि चांदी की कीमत में ₹2,469 प्रति किलोग्राम की बढ़ोतरी दर्ज की गई।
24 कैरेट सोने का भाव ₹1.52 लाख के पार
सप्ताह के अंत तक 24 कैरेट शुद्ध सोने की कीमत बढ़कर ₹1,52,363 प्रति 10 ग्राम हो गई। पिछले सप्ताह इसका भाव ₹1,49,621 प्रति 10 ग्राम था। यानी एक सप्ताह में सोने की कीमत में ₹2,742 का इजाफा हुआ।
वहीं, ज्वेलरी में सबसे अधिक इस्तेमाल होने वाला 22 कैरेट सोना भी महंगा हुआ। इसका भाव पिछले सप्ताह के ₹1,37,053 से बढ़कर ₹1,39,565 प्रति 10 ग्राम हो गया।
इसी तरह 18 कैरेट सोने की कीमत भी बढ़ी। यह ₹1,12,216 प्रति 10 ग्राम से चढ़कर सप्ताह के अंत में ₹1,14,272 प्रति 10 ग्राम पर पहुंच गई।
इस दौरान सोने के भाव में काफी उतार-चढ़ाव भी देखने को मिला। 10 अगस्त की शाम सोना ₹1,50,641 प्रति 10 ग्राम के साप्ताहिक निचले स्तर पर था। इसके बाद तेजी का सिलसिला जारी रहा और 12 अगस्त की शाम कीमत बढ़कर ₹1,53,419 प्रति 10 ग्राम के उच्चतम स्तर तक पहुंच गई।
चांदी के भाव में भी ₹2,400 से ज्यादा की तेजी
सोने के साथ-साथ चांदी ने भी इस सप्ताह निवेशकों को आकर्षित किया। IBJA के आंकड़ों के मुताबिक, चांदी ₹2,469 प्रति किलोग्राम महंगी हुई।
पिछले सप्ताह चांदी का भाव ₹2,31,373 प्रति किलोग्राम था, जो इस सप्ताह बढ़कर ₹2,33,842 प्रति किलोग्राम के पार पहुंच गया। सप्ताह के दौरान चांदी ने भी मजबूत तेजी दिखाई। 10 अगस्त को इसका भाव ₹2,31,373 प्रति किलोग्राम के निचले स्तर पर रहा, जबकि 12 अगस्त की शाम चांदी ने ₹2,37,214 प्रति किलोग्राम का साप्ताहिक उच्चतम स्तर छुआ।
आखिर क्यों बढ़ रहे हैं सोने-चांदी के दाम?
बाजार विशेषज्ञों के मुताबिक, घरेलू बाजार में सोने और चांदी की कीमतों में तेजी के पीछे सबसे बड़ा कारण अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमती धातुओं की बढ़ती कीमतें हैं। ग्लोबल मार्केट में सोना करीब 4,440 डॉलर प्रति औंस, जबकि चांदी लगभग 65 डॉलर प्रति औंस के स्तर पर कारोबार कर रही है।
इसके अलावा अमेरिका से आए महंगाई के आंकड़ों ने भी बुलियन मार्केट को सपोर्ट दिया है। जुलाई में अमेरिकी खुदरा महंगाई दर घटकर 3.4 फीसदी रह गई, जबकि जून में यह 3.5 फीसदी थी। महंगाई में नरमी के चलते अमेरिकी फेडरल रिजर्व की ब्याज दरों को लेकर बाजार की चिंता कम हुई है।
जानकारों का मानना है कि ब्याज दरों को लेकर नरम रुख की उम्मीद और वैश्विक स्तर पर मजबूत संकेतों के कारण निवेशकों का रुझान सोने और चांदी जैसे कीमती धातुओं की ओर बढ़ा है। यही वजह है कि इस सप्ताह घरेलू सर्राफा बाजार में दोनों धातुओं की कीमतों में अच्छी तेजी दर्ज की गई।