DA Hike Update: केंद्रीय कर्मचारियों की सैलरी में जल्द होगा बड़ा इजाफा, जानें नया अपडेट

Saroj kanwar
5 Min Read

नई दिल्ली। केंद्र सरकार के लाखों कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के लिए जल्द राहत भरी खबर आ सकती है। हर साल की तरह इस बार भी जुलाई 2026 के महंगाई भत्ते (Dearness Allowance-DA) की समीक्षा की जा रही है। हालांकि इसका आधिकारिक ऐलान अक्टूबर में होने की संभावना है। मौजूदा AICPI इंडेक्स के रुझानों को देखते हुए विशेषज्ञों का मानना है कि इस बार डीए में 3 से 4 प्रतिशत तक बढ़ोतरी हो सकती है। यदि ऐसा होता है तो कर्मचारियों की मासिक सैलरी और पेंशन दोनों में बढ़ोतरी देखने को मिलेगी।

महंगाई भत्ता (DA) क्यों दिया जाता है?

महंगाई के बढ़ते असर से कर्मचारियों की आय की क्रय शक्ति प्रभावित न हो, इसलिए केंद्र सरकार उन्हें बेसिक सैलरी के अतिरिक्त महंगाई भत्ता देती है। यह भत्ता कर्मचारियों की मूल तनख्वाह पर तय प्रतिशत के हिसाब से दिया जाता है और हर छह महीने में इसकी समीक्षा की जाती है।

पेंशनर्स को मिलता है DR का लाभ

जिस तरह सरकारी कर्मचारियों को महंगाई भत्ता (DA) मिलता है, उसी प्रकार पेंशनभोगियों को डियरनेस रिलीफ (Dearness Relief-DR) दिया जाता है। इसका उद्देश्य भी बढ़ती महंगाई के बीच पेंशनधारकों की आर्थिक सहायता करना है।

सिर्फ सैलरी नहीं, कई अन्य लाभ भी बढ़ते हैं

डीए में बढ़ोतरी का असर केवल कर्मचारियों की टेक-होम सैलरी तक सीमित नहीं रहता। इसका प्रभाव भविष्य निधि (PF), ग्रेच्युटी, पेंशन और अन्य भत्तों की गणना पर भी पड़ता है। इसलिए डीए बढ़ने से कर्मचारियों के कुल वेतन ढांचे में बदलाव आता है।

साल में दो बार होती है समीक्षा

केंद्र सरकार हर साल जनवरी और जुलाई में डीए तथा डीआर की समीक्षा करती है। यह फैसला ऑल इंडिया कंज्यूमर प्राइस इंडेक्स (AICPI) के आंकड़ों के आधार पर लिया जाता है। जनवरी की बढ़ोतरी की घोषणा आमतौर पर मार्च में और जुलाई की बढ़ोतरी का ऐलान अक्टूबर में किया जाता है।

पिछली बार कितना बढ़ा था डीए?

पिछले संशोधन में सरकार ने महंगाई भत्ते में 2 प्रतिशत की बढ़ोतरी की थी। इसके बाद डीए 58 फीसदी से बढ़कर 60 फीसदी हो गया था। इस फैसले का लाभ करीब 58 लाख केंद्रीय कर्मचारियों और 65 लाख पेंशनभोगियों को मिला था। इस बार AICPI इंडेक्स के मौजूदा आंकड़ों के आधार पर 3-4 फीसदी बढ़ोतरी की संभावना जताई जा रही है।

कई राज्यों ने भी बढ़ाया महंगाई भत्ता

केंद्र के अलावा कई राज्य सरकारों ने भी अपने कर्मचारियों के लिए महंगाई भत्ते में बढ़ोतरी की है। असम, अरुणाचल प्रदेश, तमिलनाडु, ओडिशा और उत्तर प्रदेश ने डीए को 60 प्रतिशत तक पहुंचा दिया है। वहीं पश्चिम बंगाल ने अपने कर्मचारियों के लिए डीए बढ़ाकर 38 प्रतिशत कर दिया है। महाराष्ट्र सरकार ने भी डीए के बकाया भुगतान के लिए 800 करोड़ रुपये से अधिक की मंजूरी दी है।

रेलवे और बैंक कर्मचारियों को भी मिलता है फायदा

महंगाई भत्ते में होने वाली बढ़ोतरी का लाभ केवल केंद्रीय कर्मचारियों तक सीमित नहीं रहता। रेलवे और बैंकिंग सेक्टर के कर्मचारियों को भी डीए संशोधन का फायदा मिलता है। इंडियन बैंक्स एसोसिएशन (IBA) पहले ही बैंक कर्मचारियों के लिए डीए में बढ़ोतरी की घोषणा कर चुका है, जबकि रेलवे कर्मचारियों के डीए में भी हाल ही में वृद्धि की गई है।

क्या डीए पर टैक्स लगता है?

महंगाई भत्ता पूरी तरह आयकर (Income Tax) के दायरे में आता है। कर्मचारियों को आयकर रिटर्न (ITR) भरते समय इसे अलग से दर्शाना होता है। सरकार ने फिलहाल यह भी स्पष्ट किया है कि डीए को बेसिक सैलरी में मर्ज करने का कोई प्रस्ताव विचाराधीन नहीं है, भले ही यह 60 प्रतिशत से अधिक हो जाए।

अब 8वें वेतन आयोग पर टिकी हैं उम्मीदें

डीए बढ़ोतरी के साथ-साथ कर्मचारियों की नजरें अब 8वें वेतन आयोग (8th Pay Commission) की सिफारिशों पर भी हैं। उम्मीद की जा रही है कि आयोग भविष्य में वेतन, भत्तों और डीए से जुड़े कई महत्वपूर्ण बदलावों पर अपनी सिफारिशें पेश करेगा। फिलहाल जुलाई डीए बढ़ोतरी के आधिकारिक ऐलान का इंतजार किया जा रहा है, जो अक्टूबर 2026 में होने की संभावना है।

TAGGED:
Share This Article
Leave a comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *