मुंह में बार-बार छाले होना सिर्फ एक सामान्य परेशानी नहीं है। कई लोग इसे शरीर की गर्मी, मसालेदार भोजन या तनाव का असर मानकर नजरअंदाज कर देते हैं। लेकिन अगर छाले बार-बार हों, लंबे समय तक ठीक न हों या कुछ ही दिनों में फिर से उभर आएं, तो यह शरीर में किसी गंभीर स्वास्थ्य समस्या का शुरुआती संकेत भी हो सकता है।
मैक्स मल्टी स्पेशियलिटी हॉस्पिटल, नोएडा के डिपार्टमेंट ऑफ डेंटल एंड मैक्सिलोफेशियल सर्जरी के प्रिंसिपल डायरेक्टर एवं एचओडी डॉ. केशव नैथानी के अनुसार, मुंह शरीर का ऐसा हिस्सा है जहां कई बीमारियों के शुरुआती लक्षण सबसे पहले दिखाई देते हैं। ऐसे में बार-बार होने वाले छालों को केवल दवा से दबाने के बजाय उनकी असली वजह का पता लगाना ज्यादा जरूरी है।
बार-बार मुंह में छाले होना किन बीमारियों का संकेत हो सकता है?
डॉ. नैथानी बताते हैं कि मुंह की अंदरूनी सतह पर बनने वाले छोटे घाव या छाले सामान्यतः 7 से 10 दिनों में ठीक हो जाते हैं। लेकिन यदि यह समस्या लगातार बनी रहे, तो इसके पीछे पोषक तत्वों की कमी, इम्यून सिस्टम में गड़बड़ी या पाचन तंत्र से जुड़ी गंभीर बीमारियां जिम्मेदार हो सकती हैं।
1. विटामिन B12, आयरन और फोलिक एसिड की कमी
मुंह के अंदर की कोशिकाओं को स्वस्थ बनाए रखने के लिए विटामिन B12, आयरन और फोलिक एसिड बेहद जरूरी होते हैं। यदि शरीर में इन पोषक तत्वों की कमी हो जाए, तो बार-बार मुंह में छाले बनने लगते हैं। इसके अलावा व्यक्ति को लगातार थकान, कमजोरी, चक्कर आना और जीभ में जलन जैसी समस्याएं भी महसूस हो सकती हैं।
2. एनीमिया (खून की कमी)
बार-बार छाले होने की एक वजह एनीमिया भी हो सकती है। इस स्थिति में शरीर में हीमोग्लोबिन का स्तर कम हो जाता है, जिससे शरीर के ऊतकों तक पर्याप्त ऑक्सीजन नहीं पहुंच पाती। इसका असर मुंह की अंदरूनी परत पर भी पड़ता है और बार-बार छाले बनने लगते हैं। अगर छालों के साथ कमजोरी, सांस फूलना या त्वचा का पीला पड़ना जैसे लक्षण दिखाई दें, तो हीमोग्लोबिन की जांच जरूर करानी चाहिए।
3. सीलिएक डिजीज और क्रोहन डिजीज
पाचन तंत्र से जुड़ी कुछ बीमारियां भी बार-बार होने वाले मुंह के छालों का कारण बन सकती हैं। सीलिएक डिजीज में शरीर ग्लूटेन को सही तरीके से पचा नहीं पाता, जबकि क्रोहन डिजीज आंतों में लंबे समय तक सूजन पैदा करती है। इन दोनों स्थितियों में शरीर जरूरी पोषक तत्वों को पर्याप्त मात्रा में अवशोषित नहीं कर पाता, जिससे दर्दनाक मुंह के छाले बार-बार बनने लगते हैं।
छालों को नजरअंदाज करना क्यों हो सकता है नुकसानदायक?
यदि मुंह के छाले बार-बार हो रहे हैं, दो सप्ताह से अधिक समय तक बने रहते हैं या बार-बार वापस लौट आते हैं, तो इसे सामान्य समस्या मानकर नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। ऐसे मामलों में विशेषज्ञ डॉक्टर से जांच कराना जरूरी है ताकि असली कारण का समय रहते पता लगाया जा सके और सही इलाज शुरू किया जा सके।
निष्कर्ष
मुंह के छाले हमेशा मामूली नहीं होते। कई बार ये शरीर में पोषण की कमी, एनीमिया या पाचन तंत्र से जुड़ी गंभीर बीमारियों का शुरुआती संकेत हो सकते हैं। इसलिए अगर यह समस्या बार-बार हो रही है, तो केवल घरेलू उपायों या दवाओं पर निर्भर रहने के बजाय डॉक्टर से सलाह लेकर आवश्यक जांच जरूर कराएं। इससे बीमारी की समय पर पहचान और बेहतर इलाज संभव हो सकता है।