डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। ट्रेन के समय पर न पहुंचने से यात्रियों को कई परेशानियों का सामना करना पड़ता है। खासतौर पर लंबी दूरी की यात्रा में देरी होने पर खाने-पीने और इंतजार करने की समस्या बढ़ जाती है। हालांकि, भारतीय रेलवे ने प्रीमियम ट्रेनों में सफर करने वाले यात्रियों के लिए कुछ विशेष सुविधाओं का प्रावधान किया है।
IRCTC के कैटरिंग नियमों के मुताबिक, अगर राजधानी, शताब्दी और दुरंतो जैसी प्रीमियम ट्रेनें 2 घंटे या उससे ज्यादा देर से चलती हैं, तो यात्रियों को मुफ्त भोजन या रिफ्रेशमेंट उपलब्ध कराया जा सकता है। यह सुविधा ट्रेन के देरी से चलने के समय के आधार पर दी जाती है, जिसमें नाश्ता, लंच, डिनर, चाय या स्नैक्स शामिल हो सकते हैं।
ट्रेन में देरी होने पर यात्रियों को क्या मिलता है खाना?
यात्रा के दौरान यात्रियों को समय के हिसाब से अलग-अलग खाद्य सामग्री उपलब्ध कराई जाती है। सफर की शुरुआत में आमतौर पर चाय या कॉफी के साथ बिस्कुट दिए जाते हैं। इसके साथ चीनी के पाउच, बिना चीनी का विकल्प और मिल्क क्रीमर की किट भी शामिल होती है।
वहीं, नाश्ते या शाम के समय मिलने वाले रिफ्रेशमेंट में ब्रेड स्लाइस, मक्खन, करीब 200 मिलीलीटर फ्रूट जूस और चाय या कॉफी दी जा सकती है।
लंच और डिनर में मिलता है पूरा भोजन
अगर ट्रेन में देरी के कारण भोजन की सुविधा दी जाती है, तो यात्रियों के लिए संतुलित खाने का इंतजाम किया जाता है। आमतौर पर भोजन में चावल के साथ दाल, छोले या राजमा जैसी चीजें शामिल होती हैं। इसके अलावा खाने के साथ अचार के पैकेट भी दिए जाते हैं।
कुछ परिस्थितियों में यात्रियों को पूरी, मिक्स वेज, नमक और काली मिर्च के पैकेट जैसी अतिरिक्त चीजें भी उपलब्ध कराई जा सकती हैं।
3 घंटे से ज्यादा लेट होने पर टिकट का पूरा पैसा वापस
रेलवे यात्रियों को लंबी देरी की स्थिति में टिकट रिफंड की सुविधा भी देता है। अगर ट्रेन 3 घंटे से ज्यादा समय तक लेट हो जाती है या उसका रूट बदल दिया जाता है, तो यात्री टिकट कैंसिल कराकर पूरा किराया वापस ले सकते हैं।
ऑनलाइन टिकट की स्थिति में रिफंड बुकिंग के माध्यम से मिल जाता है, जबकि रेलवे स्टेशन के काउंटर से खरीदे गए टिकट के लिए यात्रियों को खुद जाकर टिकट रद्द करवाना पड़ता है और फिर रिफंड प्राप्त करना होता है।
लंबी देरी में यात्रियों के लिए रेलवे की अतिरिक्त सुविधाएं
ट्रेन के ज्यादा देर तक रुकने या लेट होने की स्थिति में रेलवे यात्रियों की सुविधा के लिए कई कदम उठाता है। स्टेशनों पर यात्रियों के लिए वेटिंग हॉल और प्रतीक्षा कक्ष उपलब्ध कराए जाते हैं। इसके अलावा खाने-पीने की दुकानों को देर तक खुला रखने की व्यवस्था की जाती है, ताकि यात्रियों को परेशानी न हो।
यात्रियों की सुरक्षा के लिए रेलवे सुरक्षा बल (RPF) के अतिरिक्त जवान भी तैनात किए जा सकते हैं। रेलवे का उद्देश्य लंबी देरी के बावजूद यात्रियों को सुरक्षित और सुविधाजनक यात्रा अनुभव देना है।