New Ring Road : गुरुग्राम के बाहरी रिंग रोड के निर्माण के लिए जमीन अधिग्रहण की प्रक्रिया अंतिम चरण में पहुंच गई है। हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण (HSVP) करीब 14 गांवों से कुल 670 एकड़ जमीन अधिग्रहित कर रहा है। यह सड़क पूरी होने के बाद ट्रैफिक का दबाव कम करने और क्षेत्रीय कनेक्टिविटी बढ़ाने में मदद करेगी-
HR Breaking News, Digital Desk- (New Ring Road) शहर के प्रस्तावित बाहरी रिंग रोड, जिसे ग्रेटर सदर्न पेरिफेरल रोड (ग्रेटर एसपीआर) कहा जा रहा है, के निर्माण के लिए जमीन अधिग्रहण की प्रक्रिया अंतिम चरण में पहुंच गई है। हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण (HSVP) इस सड़क के निर्माण के लिए लगभग 14 गांवों से करीब 670 एकड़ जमीन अधिग्रहित कर रहा है।
दो चरणों में होगा जमीन अधिग्रहण-
भूमि अधिग्रहण विभाग इस परियोजना के लिए जमीन अधिग्रहण (land acquistion) को दो चरणों में कर रहा है। पहले चरण में बहरामपुर (26.38 एकड़), उल्लावास (17.18 एकड़), कादरपुर (76.93 एकड़), मैदावास (49.77 एकड़), धुमसपुर (54.48 एकड़) और बादशाहपुर (51.68 एकड़) समेत कुल लगभग 276 एकड़ जमीन का अधिग्रहण प्रस्तावित है।
इस जमीन के लिए मुआवजा तय करने को लेकर हाल ही में एचएसवीपी (HSVP) प्रशासक वैशाली सिंह की अध्यक्षता में रेट निर्धारण समिति की बैठक हुई है और जल्द ही मुआवजा घोषित किया जाएगा।
दूसरे चरण में कुल 394 एकड़ जमीन का अधिग्रहण किया जाना है। इसमें अकलीमपुर (5.95 एकड़), टीकली (62.95 एकड़), सकतपुर (68.60 एकड़), शिकोहपुर (15.92 एकड़), नौरंगपुर (48.41 एकड़), बार गुर्जर (99.13 एकड़), मानेसर (33.15 एकड़) और नैनवाल (59.92 एकड़) की जमीन शामिल है। इस चरण के लिए रेट निर्धारण समिति की बैठक 19 मार्च को प्रस्तावित है।
12 साल तक चला था केस-
इस प्रोजेक्ट के लिए 31 दिसंबर 2013 को भूमि अधिग्रहण की धारा-4 का नोटिस जारी किया गया था। जमीन मालिकों ने इसके खिलाफ पंजाब एवं हरियाणा उच्च न्यायालय (Punjab and Haryana High Court) में याचिका दायर की थी, जिससे अधिग्रहण प्रक्रिया पर रोक लग गई थी। करीब 12 साल तक मामला अदालत में लंबित रहने के बाद, पिछले साल नवंबर में हरियाणा सरकार (Haryana Government) के पक्ष में फैसला आने पर अधिग्रहण प्रक्रिया फिर से शुरू की गई।
क्या होगा लाभ-
150 मीटर चौड़ी यह सड़क गुरुग्राम-फरीदाबाद रोड (Gurugram-Faridabad Road) के सेक्टर-58 से शुरू होकर गुरुग्राम-सोहना हाईवे को पार करते हुए मानेसर के पास दिल्ली-जयपुर हाईवे से जुड़ेगी। इसे गुरुग्राम का बाहरी रिंग रोड (Outer Ring Road of Gurugram) माना जा रहा है। इसके बनने से सदर्न पेरिफेरल रोड (SPR) और गोल्फ कोर्स एक्सटेंशन रोड पर ट्रैफिक का दबाव कम होने की उम्मीद है।