New Aadhaar App Launch :अब घर बैठे होगा आधार अपडेट, UIDAI ने जारी किया नया ऐप

Saroj kanwar
10 Min Read

New Aadhaar App Launch: आधार कार्ड आज के समय में भारत का सबसे जरूरी दस्तावेज बन चुका है। बैंक में खाता खोलना हो, सरकारी योजना का फायदा लेना हो या कोई भी पहचान पत्र बनवाना हो, हर जगह आधार की मांग होती है। लेकिन अब तक जब भी आधार में कोई जानकारी बदलनी होती थी या कोई अपडेट करना होता था तो लोगों को आधार सेवा केंद्र जाना पड़ता था। वहां घंटों लाइन में खड़े रहना पड़ता था और कई बार तो एक दिन में काम भी नहीं हो पाता था। अब यूनिक आइडेंटिफिकेशन अथॉरिटी ऑफ इंडिया यानी यूआईडीएआई ने लोगों की इस परेशानी को समझते हुए एक नया मोबाइल एप्लीकेशन जारी किया है।

यह नया ऐप दिवाली के त्योहार से पहले लोगों के लिए एक खुशखबरी लेकर आया है। इसमें सबसे खास बात यह है कि इसमें फेस ऑथेंटिकेशन यानी चेहरे से पहचान करने की सुविधा दी गई है। इस तकनीक के जरिए अब लोग अपने मोबाइल नंबर और पते जैसी जानकारी घर बैठे ही बदल सकेंगे। यूआईडीएआई के मुखिया भुवनेश कुमार ने पहले ही संकेत दे दिए थे कि जल्द ही एक ऐसा ऐप आने वाला है जो नागरिकों को आधार से जुड़ी सभी सुविधाएं मोबाइल फोन पर ही उपलब्ध कराएगा। अब वह समय आ गया है और यह ऐप बीटा संस्करण में लॉन्च हो चुका है।

चेहरे की पहचान से मिलेगी सुविधा

इस नए आधार ऐप की सबसे बड़ी खूबी है फेस ऑथेंटिकेशन तकनीक। इसका मतलब है कि अब आपको हर बार ओटीपी के झंझट में नहीं पड़ना होगा। आप अपने चेहरे को स्कैन करवाकर ही अपनी पहचान साबित कर सकेंगे और आधार से जुड़ी सभी सेवाओं का लाभ उठा सकेंगे। यह तकनीक बहुत सुरक्षित मानी जाती है क्योंकि हर व्यक्ति का चेहरा अनूठा होता है और उसकी नकल नहीं की जा सकती। पहले जब भी कोई काम करना होता था तो मोबाइल नंबर पर ओटीपी आता था और उसे डालकर ही आगे बढ़ा जा सकता था।

अब चेहरे की पहचान से सभी काम हो जाएंगे। आप अपने मोबाइल नंबर में बदलाव कर सकेंगे, अपना पता अपडेट कर सकेंगे और भविष्य में और भी कई सुविधाएं इसी तरीके से मिलेंगी। यह तकनीक खासकर उन लोगों के लिए वरदान साबित होगी जिनका फोन खो गया है या जिनका मोबाइल नंबर अभी आधार से लिंक नहीं है। हालांकि बिना मोबाइल नंबर लिंक किए कुछ सीमित सेवाएं ही मिलेंगी लेकिन फिर भी यह एक बड़ी राहत है।

फोटोकॉपी की झंझट से मुक्ति

अब तक जब भी किसी सरकारी या गैर-सरकारी कार्यालय में आधार की जरूरत पड़ती थी तो फोटोकॉपी करवानी पड़ती थी। कभी स्कूल में बच्चे के दाखिले के लिए, कभी बैंक में केवाईसी के लिए तो कभी राशन कार्ड बनवाने के लिए आधार की फोटोकॉपी मांगी जाती थी। इससे न केवल पैसा खर्च होता था बल्कि आपकी निजी जानकारी भी कई जगहों पर बिखर जाती थी। कई बार तो दुकानदार उन फोटोकॉपी को संभालकर नहीं रखते और वे इधर-उधर पड़े रहते जिससे गलत इस्तेमाल का खतरा बना रहता था।

अब इस नए ऐप के जरिए आपको फोटोकॉपी करवाने की बिल्कुल जरूरत नहीं पड़ेगी। आप क्यूआर कोड स्कैन करके या डिजिटल माध्यम से सुरक्षित तरीके से अपनी आधार की जानकारी साझा कर सकेंगे। जिस संस्था को आपकी जानकारी चाहिए उसके पास एक विशेष सिस्टम होगा जो आपके क्यूआर कोड को स्कैन करेगा और तुरंत आपकी जानकारी उनके सिस्टम में आ जाएगी। यह पूरी प्रक्रिया बहुत तेज और सुरक्षित है। इससे आपकी निजी जानकारी किसी अनजान व्यक्ति के हाथ नहीं लगेगी।

पूरे परिवार का आधार एक ही जगह

यह नया ऐप परिवारों के लिए बहुत सुविधाजनक साबित होगा क्योंकि इसमें आप अपने पूरे परिवार के सभी सदस्यों के आधार को एक साथ रख सकते हैं। मान लीजिए आपके घर में पति-पत्नी, दो बच्चे और माता-पिता रहते हैं तो आप सभी छह लोगों के आधार को एक ही मोबाइल ऐप में जोड़ सकते हैं। जब किसी का आधार इस्तेमाल करना हो तो बस एक क्लिक से उस व्यक्ति के आधार पर स्विच किया जा सकता है। यह सुविधा खासकर बुजुर्गों के लिए बहुत काम की है जो स्मार्टफोन चलाना नहीं जानते या तकनीक से दूर रहते हैं।

अब परिवार का कोई भी युवा सदस्य सभी के आधार को अपने फोन में सेव करके रख सकता है। जब माता-पिता को किसी सरकारी योजना के लिए आधार चाहिए या बच्चों के स्कूल में आधार मांगा जाए तो एक ही फोन से सभी का काम आराम से हो जाएगा। हर व्यक्ति को अलग-अलग फोन में ऐप इंस्टॉल करने की जरूरत नहीं पड़ेगी। यह व्यवस्था परिवारों के लिए बहुत सहूलियत भरी है और समय की भी बचत करती है।

अपनी जानकारी खुद तय करें

इस नए ऐप में सबसे अच्छी बात यह है कि अब आपको पूरा नियंत्रण मिलेगा कि आप कौन सी जानकारी दूसरों के साथ साझा करना चाहते हैं। आधार कार्ड में आपका नाम, फोटो, जन्मतिथि, पता, आधार नंबर और अन्य विवरण होते हैं। कई बार ऐसा होता है कि किसी को केवल आपका नाम और जन्मतिथि चाहिए लेकिन आपको पूरा आधार कार्ड देना पड़ता है जिसमें आपका पूरा पता भी छप जाता है। अब आप चुन सकेंगे कि कौन सी जानकारी दिखानी है और कौन सी छिपानी है। अगर किसी को सिर्फ आपकी उम्र की पुष्टि करनी है तो आप बाकी सब कुछ छिपा सकते हैं।

यह सुविधा आपकी निजता की सुरक्षा के लिए बहुत महत्वपूर्ण है। आज के दौर में जब धोखाधड़ी और डेटा चोरी की घटनाएं बढ़ रही हैं तब अपनी व्यक्तिगत जानकारी को सुरक्षित रखना बेहद जरूरी है। अब आपको यह चिंता नहीं रहेगी कि आपकी पूरी जानकारी हर जगह फैल रही है। आप अपनी मर्जी से तय करेंगे कि किसे क्या दिखाना है।

लॉगिन और डाउनलोड की आसान प्रक्रिया

इस ऐप में लॉगिन करना बहुत आसान है। सबसे पहले आपको अपना बारह अंकों का आधार नंबर दर्ज करना होगा। उसके बाद फेस ऑथेंटिकेशन की प्रक्रिया शुरू होगी जिसमें आपको अपने फोन के फ्रंट कैमरे के सामने देखना होगा। सिस्टम आपसे आंखें झपकाने के लिए कहेगा ताकि यह पक्का हो सके कि असली व्यक्ति ही लॉगिन कर रहा है न कि कोई फोटो का इस्तेमाल हो रहा है। यह सारी प्रक्रिया केवल कुछ सेकंड में पूरी हो जाती है और फिर आपका प्रोफाइल खुल जाता है। इस तरीके से लॉगिन करना ओटीपी से भी ज्यादा सुरक्षित माना जाता है।

आप इस ऐप के जरिए अपना डिजिटल आधार कार्ड भी डाउनलोड कर सकते हैं बिना किसी ओटीपी के। पहले आधार डाउनलोड करने के लिए रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर पर ओटीपी आता था तब जाकर डाउनलोड हो पाता था। अब फेस ऑथेंटिकेशन से यह काम हो जाएगा। यह सुविधा उन लोगों के लिए बड़ी राहत है जिनका फोन नंबर बदल गया है या जिनका फोन खो गया है।

सुरक्षा और भविष्य की योजनाएं

आधार की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए इस ऐप में एक नया फीचर जोड़ा गया है जिसका नाम है ऑथेंटिकेशन हिस्ट्री। इससे आप देख सकेंगे कि आपका आधार कब और कहां इस्तेमाल हुआ। जब भी कोई आपके आधार का उपयोग करेगा तो उसका रिकॉर्ड इस ऐप में सेव हो जाएगा। इससे अगर कहीं गलत तरीके से आपका आधार इस्तेमाल हो रहा है तो आपको तुरंत पता चल जाएगा और आप शिकायत कर सकेंगे। यह सुविधा धोखाधड़ी रोकने में बहुत मददगार साबित होगी। यूआईडीएआई ने बताया है कि यह ऐप अभी बीटा चरण में है और आने वाले महीनों में इसमें कई नई सुविधाएं जोड़ी जाएंगी जैसे मोबाइल नंबर अपडेट करना, पता बदलना और दस्तावेज अपलोड करना।

Disclaimer

यह लेख केवल सामान्य जानकारी और जागरूकता के उद्देश्य से लिखा गया है। आधार ऐप और उसकी सुविधाओं से संबंधित जानकारी विभिन्न सार्वजनिक स्रोतों पर आधारित है। ऐप के फीचर्स, उपलब्धता और कार्यप्रणाली समय-समय पर बदल सकती है। नवीनतम और प्रामाणिक जानकारी के लिए कृपया यूआईडीएआई की आधिकारिक वेबसाइट uidai.gov.in पर विजिट करें या उनके टोल फ्री हेल्पलाइन नंबर 1947 पर संपर्क करें। ऐप का उपयोग करते समय अपनी व्यक्तिगत जानकारी और डेटा की सुरक्षा का विशेष ध्यान रखें। लेखक या प्रकाशक किसी भी जानकारी की सटीकता या उसके उपयोग से होने वाले किसी भी परिणाम के लिए उत्तरदायी नहीं हैं।

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