हरियाणा राज्य सहकारी
आपूर्ति एवं विपणन संघ लिमिटेड (हैफेड) द्वारा रेवाड़ी जिले के रामपुरा में सरसों तेल का अत्याधुनिक मिल स्थापित किया जाएगा। मिल की प्रारंभिक प्रसंस्करण क्षमता 150 टीपीडी होगी, जिसे 300 टीपीडी तक बढ़ाया जा सकेगा। यह परियोजना डिजाइन, बिल्ड, फाइनेंस, ऑपरेट एंड ट्रांसफर (डीबीएफओटी) आधार पर सार्वजनिक-निजी भागीदारी (पीपीपी) मॉडल के तहत क्रियान्वित की जाएगी। यह जानकारी मुख्य सचिव अनुराग रस्तोगी की अध्यक्षता में हुई बैठक में दी गई।
रामपुरा भिवानी, महेन्द्रगढ़, हिसार, रोहतक, झज्जर और रेवाड़ी जैसे प्रमुख सरसों उत्पादक जिलों से जुड़ा हुआ है। ये जिले संयुक्त रूप से हरियाणा के कुल तोरिया-सरसों उत्पादन का लगभग 60 प्रतिशत योगदान करते हैं, जिससे कच्चे माल की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित होती है।