टी20 विश्व कप 2026: आईसीसी टी20 विश्व कप 7 फरवरी, 2026 से शुरू होने जा रहा है, जिससे क्रिकेट प्रशंसकों और खिलाड़ियों में काफी उत्साह है। टी20 विश्व कप के सभी मैच भारत और श्रीलंका में आयोजित किए जाएंगे। विश्व कप से पहले, भारतीय ऑलराउंडर हार्दिक पांड्या ने एक महत्वपूर्ण रिकॉर्ड बनाया है।
यह रिकॉर्ड इतना उल्लेखनीय है कि इसने विरोधी टीमों का ध्यान अपनी ओर खींच लिया है। हार्दिक पांड्या ने इस खास उपलब्धि के साथ एमएस धोनी और विराट कोहली को पीछे छोड़ दिया है। प्रशंसक सोच रहे होंगे कि हार्दिक पांड्या ने कौन सा रिकॉर्ड बनाया है। नीचे दी गई जानकारी से आपके सभी भ्रम दूर हो जाएंगे।
हार्दिक पांड्या ने बनाया एक बड़ा रिकॉर्ड
हार्दिक पांड्या ने तिरुवनंतपुरम में न्यूजीलैंड के खिलाफ खेले गए पांचवें और अंतिम टी20 मैच में अपनी विस्फोटक पारी से एक बड़ा रिकॉर्ड बनाया। हार्दिक पांड्या टी20 अंतरराष्ट्रीय मैचों के डेथ ओवरों में 1000 रन बनाने वाले पहले भारतीय खिलाड़ी बन गए हैं।
इससे उनकी रैंकिंग में भी सुधार हो सकता है। इस मुकाम तक पहुंचने के लिए हार्दिक पांड्या ने पूर्व भारतीय कप्तान महेंद्र सिंह धोनी और स्टार बल्लेबाज विराट कोहली को पीछे छोड़ दिया है।
महेंद्र सिंह धोनी ने डेथ ओवरों में 160.6 के स्ट्राइक रेट से 856 रन बनाए हैं। वहीं विराट कोहली ने 198.2 के स्ट्राइक रेट से 177 रन बनाए हैं। हार्दिक पांड्या अब इन दोनों से आगे निकल गए हैं।
हार्दिक पांड्या का टी20 मैचों में प्रदर्शन
आपकी जानकारी के लिए बता दें कि भारतीय ऑलराउंडर हार्दिक पांड्या ने अब तक टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में भारत के लिए शानदार प्रदर्शन किया है। 129 मैचों की 100 पारियों में उन्होंने 28.36 के औसत और 144.52 के स्ट्राइक रेट से 2071 रन बनाए हैं, जिनमें 7 अर्धशतक शामिल हैं।
पांड्या के नाम टी20 अंतरराष्ट्रीय मैचों में 105 विकेट भी हैं। उन्होंने टी20 प्रारूप में क्रिकेट प्रशंसकों का दिल जीतने में कोई कसर नहीं छोड़ी है। उन्होंने गेंदबाजी और बल्लेबाजी दोनों में प्रभावशाली रिकॉर्ड बनाए हैं।
विश्व कप कब शुरू होगा?
आईसीसी टी20 विश्व कप 7 फरवरी से शुरू होने वाला है। पूरी दुनिया की निगाहें इस आईसीसी टूर्नामेंट पर टिकी हैं। भारतीय क्रिकेट टीम एक बार फिर आईसीसी टी20 विश्व कप में अपना जादू बिखेरने की कोशिश करेगी, जिसकी मेजबानी भारत कर रहा है। पिछले आईसीसी टी20 विश्व कप में रोहित शर्मा की कप्तानी में भारत ने शानदार प्रदर्शन करते हुए खिताब जीता था।