ईपीएफओ अपडेट – नया साल शुरू होने वाला है और इसके साथ कई उम्मीदें भी जुड़ी हैं। केंद्रीय सरकारी कर्मचारियों और ईपीएफओ सदस्यों को 2026 में कुछ महत्वपूर्ण लाभ मिल सकते हैं। केंद्र सरकार 2026 के पहले महीने में पीएफ कर्मचारियों के लिए ब्याज दर की घोषणा कर सकती है। वित्तीय वर्ष 2025-2026 के लिए ब्याज दर को अंतिम रूप दिया जा रहा है।
इस बार ब्याज दर में 1 प्रतिशत तक की वृद्धि की संभावना है। यह निर्णय जनवरी के अंतिम सप्ताह तक लिया जा सकता है। यदि पिछले वर्ष की तुलना में ब्याज दर में 1 प्रतिशत की वृद्धि होती है, तो कर्मचारियों के पीएफ खातों में अच्छी खासी राशि जमा हो सकती है।
पीएफ कर्मचारियों को मिलेगा ब्याज
केंद्र सरकार ने पिछले वित्तीय वर्ष 2024-2025 के लिए 8.2 प्रतिशत ब्याज दर को मंजूरी दी थी। इस बार सरकार कर्मचारियों के लिए 9 प्रतिशत ब्याज दर को मंजूरी दे सकती है, जो कि 1 प्रतिशत की वृद्धि है। यह निर्णय ईपीएफओ के केंद्रीय न्यासी बोर्ड की बैठक में लिया जाएगा। ब्याज दर पर अंतिम निर्णय जनवरी के अंत तक आने की उम्मीद है।
कर्मचारियों को पीएफ में कितनी राशि मिलेगी?
यदि केंद्र सरकार प्रतिशत के हिसाब से ब्याज देती है, तो कर्मचारियों के पीएफ खातों में अच्छी खासी रकम जमा हो सकती है। यदि किसी कर्मचारी के पीएफ खाते में 5 लाख रुपये हैं, तो ब्याज के रूप में लगभग 46,000 रुपये मिल सकते हैं। इसी तरह, यदि खाते में 6 लाख रुपये हैं, तो ब्याज के रूप में 55,000 रुपये तक मिल सकते हैं।
राशि कैसे जांचें?
अपना पीएफ बैलेंस चेक करना आसान है। कर्मचारियों को बस 9966044425 पर मिस्ड कॉल देनी होगी। इसके बाद उन्हें एसएमएस के जरिए अपने पीएफ बैलेंस की जानकारी मिल जाएगी। पीएफ बैलेंस उमंग ऐप के जरिए भी चेक किया जा सकता है।
सरकार वार्षिक ब्याज देती है।
केंद्र सरकार प्रत्येक वित्तीय वर्ष में पीएफ कर्मचारियों को ब्याज प्रदान करती है। ईपीएफओ की रिपोर्ट के अनुसार, लगभग 7.8 करोड़ पीएफ सदस्य हैं और यह संख्या लगातार बढ़ रही है। ईपीएफओ कर्मचारी पेंशन योजना भी चलाता है। सेवानिवृत्ति के बाद पीएफ सदस्यों को मासिक पेंशन प्रदान करने का प्रावधान है। इस पेंशन के लिए पात्र होने के लिए न्यूनतम 10 वर्ष की सेवा आवश्यक है।