भारत सरकार किसी भी बड़े अपराधी केस में हिरासत में लिए जाने या गिरफ्तार होने पर pm, CM, केंद्रीय मंत्री या मंत्री को पद से हटाने का कानून बनाने की तैयारी कर रही है।
इस समय कानून में इस पर स्पष्ट व्यवस्था नहीं की गई है, जिससे कानून और सियासी विवाद बनते रहते हैं, केंद्र सरकार का मानना है कि यह कदम लोकतंत्र और सुशासन की साख मजबूत करने के लिए बनाया जा रहा है।
आपको बता दें कि दिल्ली के तत्कालीन सीएम अरविंद केजरीवाल इडी के मामले में गिरफ्तारी के बाद भी पद पर बने रहे थे जमानत के बाद उन्होंने इस्तीफा दिया था।
तीन नए विधेयक पेश होंगे
130वां संविधान संशोधन बिलः अनुच्छेद 75, 164, 239एए में संशोधन। पीएम, केंद्रीय मंत्री, सीएम, मंत्रियों को गिरफ्तारी के बाद 30 दिन में हटाने का प्रावधान।
गवर्नमेंट ऑफ यूनियन टेरिटरीज (संशोधन) बिलः 1963 के एक्ट में बदलाव कर सीएम, मंत्रियों
को ऐसे मामलों में हटाने का प्रावधान।
जम्मू-कश्मीर पुनर्गठन (संशोधन) बिलः सीएम, मंत्रियों को हटाने का प्रावधान।
गृहमंत्री शाह लोकसभा में बिल पेश करेंगे। इन्हें विचार के लिए संयुक्त संसदीय समिति को भेजा जा सकता है। मौजूदा सत्र 21 अगस्त तक है।
ऑनलाइन रियल मनी गेमिंग प्लेटफॉर्म पर नकेल लगेगी
कैबिनेट ने ऑनलाइन गेमिंग बिल को मंजूरी दी है। इसमें ऑनलाइन मनी गेमिंग, विज्ञापन, खेल के लिए उकसाने वाले को सजा-जुर्माना या दोनों हो सकता है। तीन साल तक कैद या 1 करोड़ रुपए तक का जुर्माना, या दोनों हो सकते हैं।
यह कानून विपक्ष को अस्थिर करने का हथियार बन सकता है। सत्ता पक्ष के सीएम व मंत्री को नहीं छुआ जाएगा। -अभिषेक मनु सिंघवी, कांग्रेस सांसद