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किसानो को अब सोलर ऊर्जा और मिलेगी इतनी ज्यादा सब्सिडी ,ये किसान जल्द उठाये लाभ
 

सरकार की ओर से किसानों के लिए कई प्रकार की योजना चलाई जाती है , इसके तहत किसानों को सब्सिडी भी दी जाती है इस योजना का लाभ लेकर किसान अपनी कृषि संबंधी अनेक जरूरतों को पूरा कर सकते हैं।  इन योजनाओं में से एक सोलर पंप योजना है।  इसके तहत किसानों को सब्सिडी पर सोलर पंप उपलब्ध कराए जाते हैं ताकि किसानों को सिंचाई कार्य में आसानी हो सके। 

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार उत्तर प्रदेश सरकार की ओर से सौर ऊर्जा नीति 2022 के प्रस्ताव को मंजूरी दी गई है


इस कड़ी में उत्तर प्रदेश सरकार की ओर से सौर ऊर्जा नीति 2022 के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी गई है।  इसके तहत किसानों को पहले से अधिक सब्सिडी  सोलर पम्प लगाने के लिए दी जाएगी सोलर पम्प पर अब 90 प्रतिशत तक किसानों को दिया जाएगा इससे किसानों को सस्ती दर पर सिंचाई के लिए सोलर पंप उपलब्ध हो सकेगी। यदि आप यूपी से हो और आपने भी अपने खेत में सिंचाई के लिए सौर लगवाना चाहते हैं तो यह खबर आपके लिए काफी महत्वपूर्ण है। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार उत्तर प्रदेश सरकार की ओर से सौर ऊर्जा नीति 2022 के प्रस्ताव को मंजूरी दी गई है। यह नीति जारी होने की तिथि से प्रभावी होगी। इसका लाभ किसानों को 5 वर्ष की अवधि तक अथवा राज्य सरकार द्वारा नई नीति अधिसूचित करने की अवधि से जो भी पूर्व हो, तक लागू रहेगी।  मंत्रिपरिषद ने ( कुसुम सी -2) पृथक कृषि फीडर के सौरकरण हेतु 2,000 मेगावाट क्षमता संयंत्रों की स्थापना पर 50 लाख रुपए प्रति मेगावाट की दर से राज्य वी.जी.एफ. एवं (कुसुम सी-1) निजी ऑन ग्रिड पम्प के सोलरराइजेशन पर राज्य सरकार द्वारा मुसहर, वनटांगिया, अनुसूचित जनजाति के कृषकों को 70 प्रतिशत सब्सिडी एवं अन्य कृषकों को 60 प्रतिशत सब्सिडी प्रदान करने एवं नीति काल अवधि में 05 वर्षों में कुल 1,000 करोड़ रुपए के अनुदान की स्वीकृत दी है। 

राज्य के अन्य किसानों को केंद्र सरकार  प्रतिशत अनुदान के अलावा राज्य सरकार की ओर से 60% सब्सिडी दी जाएगी

केंद्र सरकार द्वारा संचालित पीएम कुसुम योजना के घटक सी-1 में किसानों को अपने द्वारा स्थापित नलकूपों पर सोलर ऊर्जा वितरण करने पर केंद्र सरकार की ओर से 30% सब्सिडी दी जाती है। इस योजना को प्रदेश में प्रभावी तरीके से लागू करने के लिए उत्तर प्रदेश में आवास इतने आवासित मुसहर, वनटांगिया तथा अनुसूचित जनजाति के किसानों को केंद्र सरकार की ओर से निर्धारित अनुदान के अलावा 70% और अनुदान दिया जाएगा। इस प्रकार इस श्रेणी के किसानों के नलकूपों को नि:शुल्क सौर उर्जीकृत किया जाएगा। वहीं राज्य के अन्य किसानों को केंद्र सरकार  प्रतिशत अनुदान के अलावा राज्य सरकार की ओर से 60% सब्सिडी दी जाएगी। इस तरह अन्य श्रेणी के किसानों के नलकूपों को सौर ऊर्जा करण करने के लिए राज्य सरकार की ओर से 90% सब्सिडी का लाभ दिया जाएगा।